Close Menu
New Agenda
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    NEW AGENDA
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • लाइफ स्टाइल
    NEW AGENDA
    Home»राज्य»मध्यप्रदेश»गांधी चिकित्सा महाविद्यालय, भोपाल में इंडोक्राइनोलॉजी विभाग की स्थापना एवं 20 नवीन पदों के सृजन का निर्णय
    मध्यप्रदेश

    गांधी चिकित्सा महाविद्यालय, भोपाल में इंडोक्राइनोलॉजी विभाग की स्थापना एवं 20 नवीन पदों के सृजन का निर्णय

    AdminBy AdminAugust 19, 2025No Comments7 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    गांधी चिकित्सा महाविद्यालय, भोपाल में इंडोक्राइनोलॉजी विभाग की स्थापना एवं 20 नवीन पदों के सृजन का निर्णय
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    मेक इन इंडिया के तहत भोपाल जिले में EMC 2.0 परियोजना की स्थापना की स्वीकृति

    निवेश और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
    गांधी चिकित्सा महाविद्यालय, भोपाल में इंडोक्राइनोलॉजी विभाग की स्थापना एवं 20 नवीन पदों के सृजन का निर्णय
    मध्यप्रदेश सिविल सेवा (अवकाश) नियम 2025 अनुमोदित
    नगरीय निकायों में "गीता भवन" स्थापना योजना स्वीकृत
    मुरैना जिले में कैलारस कारखाना को MSME विभाग को हस्तांतरित किये जाने का निर्णय
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद के निर्णय

    भोपाल 

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक मंगलवार को मंत्रालय में सम्पन्न हुई। मंत्रि-परिषद द्वारा भारत सरकार की इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफेक्चरिंग क्लस्टर्स (EMC) 2.0 परियोजना अंतर्गत सामान्य सुविधाओं (CFC) के साथ विश्व स्तरीय बुनियादी ढांचे के विकास के लिए इलेक्ट्रॉनिक्स सिस्टम डिजाइन तथा विनिर्माण (ESDM) क्षेत्र के संवर्धन को बढ़ावा दिये जाने के लिए भोपाल की तहसील बैरसिया के ग्राम बांदीखेड़ी में इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर की स्थापना किये जाने का निर्णय लिया गया है। परियोजना के लिए उपलब्ध 210.21 एकड़ भूमि पर परियोजना लागत 371 करोड़ 95 लाख रूपये की सैद्धांतिक स्वीकृति जारी की गयी है। इसमें से राशि 146 करोड़ 63 लाख रूपये केन्द्रांश एवं 225 करोड़ 32 लाख रूपये राज्यांश होगा। भारत सरकार की प्राथमिकता के अनुसार डिजिटल इंडिया एवं मेक इन इंडिया की अवधारणा को साकार करने में EMC 2.0 इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर्स (EMCs) योजना की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।

    EMC 2.0 योजना, सामान्य सुविधा केंद्रों (सीएफसी) की स्थापना में भी सहयोगी होगी। उन्हें ऐसे क्षेत्र में स्थापित किया जाएगा, जहां बड़ी संख्या में मौजूदा विनिर्माण इकाइयां स्थित हैं, जिनके अंतर्गत सामान्य तकनीकी बुनियादी ढांचे के उन्नयन और ईएमसी, औद्योगिक क्षेत्रों/पाकों/औद्योगिक गलियारों में इकाइयों के लिए सामान्य सुविधाएं प्रदान करने पर ध्यान केंद्रित किया गया है। EMC 2.0 परियोजना से इलेक्ट्रॉनिक उद्योग के लिए एक मजबूत बुनियादी ढांचा आधार तैयार होगा। इलेक्ट्रॉनिक्स सिस्टम डिजाइन एंड मैन्युफैक्चरिंग (ईएसडीएम) क्षेत्र में नए निवेश को प्रोत्साहन मिलेगा। निर्माण इकाइयों में रोजगार के अवसरों में वृद्धि होगी। निर्माण इकाईयों द्वारा भुगतान किए जाने के फलस्वरूप करों के रूप में शासकीय राजस्व में वृद्धि होगी। उद्यमशीलता पारिस्थितिकी तंत्र के विकास में मदद मिलेगी, साथ ही नवाचार को गति और देश के आर्थिक विकास को उत्प्रेरकता प्राप्त होगी।

    5 नवीन शासकीय आयुर्वेद चिकित्सा महाविद्यालय के लिए 1570 पदों की स्वीकृति

    मंत्रि-परिषद द्वारा नर्मदापुरम, मुरैना, बालाघाट, शहडोल और सागर में नवीन शासकीय आयुर्वेद चिकित्सा महाविद्यालय और वैलनेस सेंटर खोलने के लिए 1570 पदों की स्वीकृति दी गई है। इनमें 715 नियमित पद एवं 855 पद आउटसोर्स के माध्यम से भरे जायेंगे। प्रदेश में संभाग स्तर पर एक आयुर्वेदिक मैडिकल कालेज की स्थापना होगी, जिससे आयुर्वेद उपचार एवं वैलनेस इंडस्ट्री को बढ़ावा मिलेगा।

    राष्ट्रीय आयुष मिशन के फण्ड से नर्मदापुरम, मुरैना, बालाघाट, शहडोल और सागर में नवीन शासकीय आयुर्वेद चिकित्सा महाविद्यालय शासकीय पद्धति से खोले जाने हैं। इनमें महाविद्यालय भवन, 100 बैड चिकित्सालय परिसर, 100 सीटर बालक एवं बालिका छात्रावास भवन, आवासीय भवन और फार्मेसी भवनों का निर्माण भारतीय चिकित्सा पद्धति के निर्धारित मापदण्ड अनुसार किया जाएगा। संबंधित जिले में शासकीय भूमि आबंटित की जा चुकी है। राष्ट्रीय मिशन अंतर्गत प्रत्येक आयुर्वेदिक चिकित्सा महाविद्यालय के लिए 70 करोड़ रूपये के मान से 350 करोड़ रूपये का 60:40 के अनुपात में प्रावधान किया गया है।

    गांधी चिकित्सा महाविद्यालय, भोपाल में इंडोक्राइनोलॉजी विभाग की स्थापना एवं 20 नवीन पदों के सृजन का निर्णय

    मंत्रि-परिषद द्वारा गांधी चिकित्सा महाविद्यालय, भोपाल के अंतर्गत इंडोक्राइनोलॉजी विभाग की स्थापना एवं 20 नवीन पदों के सृजन का निर्णय लिया गया है। विभाग के सुचारू संचालन के लिए विभिन्न संवर्गों के कुल 20 नवीन पदों का सृजन किया जाएगा। इनमें प्राध्यापक का 1, सहायक प्राध्यापक का 1, सीनियर रेसीडेंट के 2, जूनियर रेसीडेंट के 2, सीनियर नर्सिंग ऑफीसर के 2 और नर्सिंग ऑफीसर के 12 पद शामिल हैं। साथ ही 1 डायटीशियन को आउटसोर्स आधार पर निश्चित वेतनमान पर नियुक्त किया जायेगा।

    इस निर्णय से राज्य में हार्मोन संबंधी रोगों के निदान एवं उपचार में उच्च गुणवत्ता की विशेषज्ञ सेवाएं उपलब्ध हो सकेंगी तथा सुपर स्पेशियलिटी स्वास्थ्य सुविधाओं को और अधिक मजबूती मिलेगी। साथ ही चिकित्सा शिक्षा व प्रशिक्षण का विस्तार होगा। इंडोक्राइनोलॉजी के क्षेत्र में शोध और नवाचार को बढ़ावा भी मिलेगा।

    जनजातीय कार्य विभाग अंतर्गत संचालित महाविद्यालयीन छात्रावासों में 12 माह के लिए शिष्यवृत्ति दिये जाने की स्वीकृति

    मंत्रि-परिषद द्वारा जनजातीय कार्य विभाग अंतर्गत संचालित महाविद्यालयीन छात्रावासों में मैस संचालन के लिये 10 माह के स्थान पर 12 माह के लिए शिष्यवृत्ति दिये जाने का निर्णय लिया गया है। यह शिष्यवृत्ति छात्रावासों में विद्यार्थियों की उपस्थिति के आधार पर दी जायेगी। वर्तमान में छात्र को 1650 रूपये प्रतिमाह और छात्राओं को 1700 रूपये प्रतिमाह शिष्यवृत्ति दी जाती है।

    मध्यप्रदेश सिविल सेवा (अवकाश) नियम 2025 का अनुमोदन

    मंत्रि-परिषद द्वारा मध्यप्रदेश सिविल सेवा (अवकाश) नियम 2025 का अनुमोदन किया गया है। अनुमोदन अनुसार प्रचलित नियम मध्यप्रदेश सिविल सेवा (अवकाश) नियम 1977 के वर्तमान परिप्रेक्ष्य में परिवर्तन की आवश्यकता के दृष्टिगत नवीन अवकाश नियम मध्यप्रदेश सिविल सेवा (अवकाश) नियम 2025 तैयार किया गया है। नवीन अवकाश नियम 2025 के नवीन प्रावधानों में महिला शासकीय सेवक सेरोगेट / कमीशनिंग मां को भी प्रसूति अवकाश की पात्रता होगी। अवकाश विभागों के शैक्षणिक संवर्ग को एक वर्ष में 10 दिवस के अर्जित अवकाश की पात्रता होगी। दत्तक संतान ग्रहण करने के लिये शासकीय सेवकों को कुल 15 दिवस के पितृत्व अवकाश की पात्रता होगी।

    इसके साथ ही संतान पालन अवकाश की पात्रता एकल पुरुष शासकीय सेवक को भी होगी। अर्धवेतन अवकाश को अवकाश खाता में अग्रिम रूप से जमा किया जायेगा। यह अवकाश 01 जनवरी को 10 दिवस एवं 01 जुलाई को पुनः 10 दिवस के मान से अवकाश लेखे में अंकित किया जायेगा। अर्जित अवकाश की एक बार प्राप्त करने की अधिकतम अवधि 120 दिन से बढ़ायी जाकर 180 दिवस की गयी है। दिव्यांग अथवा गंभीर अस्वस्थ शासकीय सेवक के अवकाश आवेदन प्रस्तुत करने की प्रक्रिया को सुलभ बनाया गया है, अब परिवार के सदस्य भी आवेदन प्रस्तुत कर सकेंगे। अवकाश स्वीकृत करने के अधिकारों का प्रत्यायोजन के संबंध में नियमों में भी प्रावधान किये गये है। नियम के प्रकाशन एवं अन्य अनुवर्ती कार्यवाही के लिए वित्त विभाग को अधिकृत किया गया है। मध्यप्रदेश सिविल सेवा (अवकाश) नियम 2025 के प्रभावशील होने से राज्य के कोष पर अतिरिक्त व्यय भार नगण्य होगा।

    नगरीय निकायों में "गीता भवन" स्थापना योजना की स्वीकृति

    मंत्रि-परिषद द्वारा समाज में पठन-पाठन की रूचि को जागृत करने के लिए और सर्वसुविधायुक्त वैचारिक अध्ययन केन्द्र के साथ-साथ साहित्यिक और संस्कृतिक गतिविधियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से, नगरीय निकायों में "गीता भवन" स्थापना योजना को स्वीकृति प्रदान की गयी है। योजना की अवधि पांच वर्ष, 2025-26 से वर्ष 2029-30 तक होगी‍। गीता भवन के निर्माण, विस्तार, संधारण और अतिरिक्त निर्माण के लिए आवश्यक आर्थिक सहायता राज्य शासन द्वारा प्रदान की जाएगी। गीता भवनों का निर्माण राज्य वित्त पोषण पर आधारित होने से उनका स्वामित्व राज्य शासन का होगा। योजना को 5 वर्षों में क्रियान्वित किया जायेगा एवं नवीन गीता भवनों का निर्माण पीपीपी मोड में उपलब्ध विभिन्न मॉडल्स यथा Hybrid Annuity Model, सेवा शुल्क आधारित Model के अंतर्गत ही किया जायेगा।

    मुरैना जिले में कैलारस कारखाना को MSME विभाग को हस्तांतरित किये जाने का निर्णय

    मंत्रि-परिषद द्वारा मुरैना जिले में मुरैना मंडल सहकारी शक्कर कारखाना कैलारस के परिसमापन की कार्यवाही पूर्ण किये जाने एवं कारखाने की समस्त भूमियों 22.340 हेक्टेयर को शासन में वेष्ठित किये जाने का निर्णय लिया गया है। निर्णय अनुसार MSME विभाग को मुरैना जिले में रोजगार आधारित उ‌द्योगों के विकास के लिए कारखाना को हस्तांतरित किया जायेगा। इसके लिए MSME विभाग के माध्यम से कारखाना के परिसमापक को उचित प्रतिफल लगभग 61 करोड़ रुपये उपलब्ध कराया जायेगा। निर्णय अनुसार राज्य शासन से परिसमापक को जो राशि प्रदान की जायेगी, उसका उपयोग कर्मचारियों की देनदारियों, किसानों के पूर्व वर्षों के भुगतान सहित अन्य देनदारियों के निराकरण में किया जायेगा।

    कारखाना के प्लांट एवं मशीनरी का विक्रय पारदर्शी प्रक्रिया अपनाकर लोक परिसंपति प्रबंधन विभाग द्वारा किया जायेगा और विक्रय राशि परिसमापक को उपलब्ध करायी जायेगी। मुरैना मण्डल सहकारी शक्कर कारखाना मर्यादित कैलारस जिला मुरैना का पंजीयन वर्ष 1965 में हुआ था। कारखाना सिंचाई की असुविधा, गन्ने की अनुपलब्धता एवं अन्य प्रबंधकीय कारणों से निरंतर घाटे में रहा, जिसके परिणाम स्वरूप वर्ष 2008-09 से लगातार बंद है। कारखाना की देनदारियाँ 54.81 करोड़ रूपये हैं। इन परिस्थितयों को ध्यान में रखकर यह निर्णय लिया गया है।

     

    शेयर करें :-

    • Click to share on Facebook (Opens in new window)
    • Click to share on WhatsApp (Opens in new window)
    • Click to share on X (Opens in new window)
    • Click to share on Telegram (Opens in new window)
    Featured MSME
    Admin

    Related Posts

    शंकराचार्य मुद्दे पर सियासी घमासान, अखिलेश ने योगी सरकार को घेरा

    February 15, 2026

    ईशान किशन का तूफान, पाकिस्तान पस्त; टीम इंडिया ने लगातार तीसरी जीत दर्ज की

    February 15, 2026

    मुख्यमंत्री, डबरा में नवग्रह शक्तिपीठ के प्राण-प्रतिष्ठा समारोह में हुए शामिल

    February 15, 2026

    इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट-2026 में मध्यप्रदेश करेगा एआई-सक्षम शासन और डीप-टेक नवाचारों का प्रदर्शन

    February 15, 2026

    AI से बना कंटेंट डालना पड़ेगा भारी! सोशल मीडिया के लिए नए IT नियमों की तैयारी

    February 15, 2026

    मौसम ने बदली चाल: छत्तीसगढ़ में स्थिरता, रायपुर में बढ़ी धूप की तपिश

    February 15, 2026
    Add A Comment

    Leave A Reply Cancel Reply

    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    MP Info RSS Feed
    अन्य ख़बरें

    16 फरवरी 2026 राशिफल: ग्रह-नक्षत्रों का असर, करियर-धन-प्रेम में क्या है खास

    February 15, 2026

    टीम इंडिया का जलवा बरकरार, पाकिस्तान को 61 रन से हराकर सुपर-8 में एंट्री

    February 15, 2026

    शंकराचार्य मुद्दे पर सियासी घमासान, अखिलेश ने योगी सरकार को घेरा

    February 15, 2026

    रक्षा व तकनीकी गठजोड़ से भारत-जापान संबंध हुए और मजबूत, रिपोर्ट में खुलासा

    February 15, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    संपादक -दीपेन्द्र पाढ़ी
    मोबाइल -9329352235
    ईमेल -newagendaeditor@gmail.com
    मध्य प्रदेश कार्यालय -वार्ड क्रमांक 06, मोहगांव बिरसा, मोहगांव जिला-बालाघाट (म.प्र.)
    छत्तीसगढ़ कार्यालय-D 13, प्रियदर्शनी नगर के पास, पचपेड़ी नाका, रायपुर (छत्तीसगढ़)
    February 2026
    M T W T F S S
     1
    2345678
    9101112131415
    16171819202122
    232425262728  
    « Jan    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.