Close Menu
New Agenda
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    NEW AGENDA
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • लाइफ स्टाइल
    NEW AGENDA
    Home»धर्म»किस समय हनुमान चालीसा पढ़ना शुभ नहीं? जानें सही समय और उपाय
    धर्म

    किस समय हनुमान चालीसा पढ़ना शुभ नहीं? जानें सही समय और उपाय

    AdminBy AdminNovember 18, 2025No Comments5 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    किस समय हनुमान चालीसा पढ़ना शुभ नहीं? जानें सही समय और उपाय
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    कहते हैं कि जब मन डर, चिंता और असुरक्षा से घिर जाता है, तब व्यक्ति अनायास ही हनुमान चालीसा का सहारा ले लेता है। भारत के करोड़ों लोगों के लिए यह चालीसा (Hanuman Chalisa) सिर्फ़ शब्दों का संग्रह नहीं, बल्कि भरोसा, शक्ति और सुरक्षा का प्रतीक है। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि रोज़ पढ़ने के बावजूद हर किसी को इसका पूरा लाभ क्यों नहीं मिलता?

    अक्सर वजह वही होती है, गलत समय, अधूरी विधि, या फिर पाठ के दौरान ध्यान भटकना। बहुत लोग जानते भी नहीं कि हनुमान चालीसा किन समयों पर पढ़नी ही नहीं चाहिए, क्योंकि उन समयों में पाठ का प्रभाव कम हो जाता है। वहीं कुछ विशेष मुहूर्त ऐसे हैं, जिनमें किए गए पाठ से तुरंत मानसिक शांति और चमत्कारी लाभ मिलते हैं।

    1. सूर्यास्त के तुरंत बाद का समय क्यों अशुभ माना जाता है?
    सूर्यास्त के ठीक बाद का समय लगभग 20–25 मिनट ऊर्जा परिवर्तन का काल माना जाता है, जिसे संक्रमण काल भी कहते हैं। इस दौरान वातावरण में तामसिक ऊर्जा सक्रिय रहती है, जिससे मन स्वाभाविक रूप से अस्थिर हो जाता है। ऐसे समय में हनुमान चालीसा पढ़ने से ध्यान एकाग्र नहीं रह पाता और पाठ का प्रभाव आधा हो जाता है। आचार्यों का मानना है कि इस समय किए गए पाठ से आध्यात्मिक ऊर्जा ग्रहण क्षमता कमजोर हो जाती है, इसलिए सूर्यास्त से पहले या थोड़ी देर बाद ही पाठ करना श्रेष्ठ माना गया है।

    2. क्रोध, तनाव या मानसिक अशांति में पाठ का प्रभाव कम क्यों हो जाता है?

    हनुमान चालीसा मूल रूप से भक्ति, श्रृद्धा और समर्पण पर आधारित है। जब मन गुस्से, चिंता, तनाव या दुख से भरा होता है, तब मन की कंपनाएँ अस्थिर हो जाती हैं। ऐसे में व्यक्ति शब्द तो पढ़ लेता है, लेकिन भावना और ऊर्जा कमजोर रहती है। विशेषज्ञ कहते हैं कि चालीसा का वास्तविक प्रभाव मन की शांत अवस्था में ही मिलता है। अगर मन भटका हो तो पाठ की शक्ति भीतर नहीं उतर पाती। इसलिए पाठ शुरू करने से पहले कुछ गहरी साँसें लेकर मन को शांत करना बेहद जरूरी है।

    3. दूषित अवस्था में पाठ का प्रभाव क्यों घट जाता है?

    शास्त्रों में साधना के लिए शारीरिक और मानसिक पवित्रता को प्रमुख माना गया है। दूषित अवस्था जैसे बिना स्नान, गंदे कपड़े, अत्यधिक पसीना, या भोजन के तुरंत बाद, मन को भारी और सुस्त बना देती है। ऐसी स्थिति में ध्यान आसानी से भटकता है और पाठ का आध्यात्मिक प्रभाव कम हो जाता है। हालांकि कठोर मनाही नहीं है, लेकिन ऊर्जा के स्तर पर साफ-सुथरी अवस्था पाठ को अधिक प्रभावी बनाती है। इसलिए हनुमान चालीसा का पाठ करते समय साधारण स्वच्छता और शुद्धता बनाए रखना लाभकारी माना जाता है।

    4. लेटकर या मोबाइल स्क्रॉल करते हुए पढ़ने से प्रभाव क्यों लगभग खत्म हो जाता है?

    आज के समय में बहुत लोग मोबाइल स्क्रॉल करते-करते या लेटे-लेटे हनुमान चालीसा पढ़ लेते हैं। यह आदत पाठ को सिर्फ एक औपचारिकता बना देती है। लेटने पर सांसें भारी हो जाती हैं, ध्यान टूटता है और मन आधा मोबाइल में उलझा रहता है। हनुमान चालीसा में भक्ति और एकाग्रता को विशेष महत्व दिया गया है, इसलिए ऐसी स्थिति में किया गया पाठ मन–ऊर्जा स्तर पर प्रभाव नहीं डाल पाता। पाठ की पूरी शक्ति पाने के लिए सीधे बैठकर शांत मन से पढ़ना जरूरी है।

    5. ब्रह्म मुहूर्त में हनुमान चालीसा पढ़ना सबसे प्रभावी क्यों?

    सुबह 4 बजे के आसपास का समय ब्रह्म मुहूर्त कहलाता है, जब वातावरण में सात्विक ऊर्जा सबसे अधिक होती है। इस समय मन स्वाभाविक रूप से शांत रहता है और ऊर्जा ग्रहण करने की क्षमता कई गुना बढ़ जाती है। कई साधक मानते हैं कि इस समय किया गया हनुमान चालीसा पाठ जल्दी असर दिखाता है, चाहे वह भय का निवारण हो, मानसिक शांति हो या जीवन की बाधाएँ। ब्रह्म मुहूर्त में आध्यात्मिक कंपन बेहद शुद्ध होते हैं, इसलिए यह समय सबसे प्रभावी माना गया है।

    6. मंगलवार और शनिवार के पाठ को विशेष फलदायी क्यों कहा गया है?

    मंगलवार और शनिवार हनुमानजी को समर्पित दिन माने जाते हैं। परंपरा के अनुसार इन दिनों ऊर्जा का संतुलन ऐसा होता है कि हनुमान चालीसा के पाठ से बाधाओं का समाधान तेजी से मिलता है। पुराने ग्रंथों और अनुभवजन्य मान्यताओं में कहा गया है कि इन दो दिनों किए गए पाठ से नज़र दोष, मानसिक परेशानी, भय और करियर में रुकावटें दूर होती हैं। यही कारण है कि कई लोग मंगलवार और शनिवार को 3, 7 या 11 बार हनुमान चालीसा ज़रूर पढ़ते हैं।

    7. रात को सोने से पहले पाठ क्यों सबसे शांत और असरदार माना गया है?

    दिनभर की थकान और भागदौड़ के बाद रात का समय मन को स्थिर करता है। जब व्यक्ति सोने से पहले हनुमान चालीसा पढ़ता है, तो दिमाग की नकारात्मक ऊर्जा शांत हो जाती है और मन हल्का महसूस करता है। इस समय पाठ करने से तनाव, अनिद्रा और डरावने सपनों में तेजी से राहत मिलती है। कई लोग अनुभव करते हैं कि नियमित रात के पाठ से मन में सुरक्षा और स्थिरता का भाव उत्पन्न होता है, जिससे नींद गहरी और शांत हो जाती है।

    शेयर करें :-

    • Click to share on Facebook (Opens in new window)
    • Click to share on WhatsApp (Opens in new window)
    • Click to share on X (Opens in new window)
    • Click to share on Telegram (Opens in new window)
    Hanuman Chalisa
    Admin

    Related Posts

    घर में शिवलिंग स्थापित कर रहे हैं? तो दिशा को लेकर न करें ये गंभीर भूल, जानिए वास्तु शास्त्र

    February 14, 2026

    आज का राशिफल 14 फरवरी: इन राशियों के लिए खास दिन, जानें क्या कहती है ग्रह-नक्षत्रों की चाल

    February 13, 2026

    शनि प्रदोष व्रत 2026: साल का पहला व्रत कल, करें खास उपाय और पाएं शनि दोष से मुक्ति

    February 13, 2026

    लव लाइफ में तनाव की वजह कहीं आपका बेडरूम तो नहीं? जानिए 5 वास्तु टिप्स

    February 13, 2026

    भद्रा का साया और महाशिवरात्रि: शिवजी की पूजा को लेकर शास्त्र क्या कहते हैं?

    February 13, 2026

    महाशिवरात्रि पर खास योग: ये 3 राशियां बनेंगी धनवान, 300 साल बाद आया मौका

    February 13, 2026
    Add A Comment

    Leave A Reply Cancel Reply

    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    MP Info RSS Feed
    अन्य ख़बरें

    यूपी के मैनपुरी में बड़ी ठगी का मामला, श्रेयस तलपड़े सहित 12 लोगों के खिलाफ केस दर्ज

    February 14, 2026

    इंग्लैंड की किस्मत दांव पर, स्कॉटलैंड के खिलाफ आज आखिरी जंग

    February 14, 2026

    दो तेंदुए और ‘M’: हार्दिक पांड्या का इश्क भरा टैटू सरप्राइज, माहिका के लिए खास

    February 14, 2026

    घर में शिवलिंग स्थापित कर रहे हैं? तो दिशा को लेकर न करें ये गंभीर भूल, जानिए वास्तु शास्त्र

    February 14, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    संपादक -दीपेन्द्र पाढ़ी
    मोबाइल -9329352235
    ईमेल -newagendaeditor@gmail.com
    मध्य प्रदेश कार्यालय -वार्ड क्रमांक 06, मोहगांव बिरसा, मोहगांव जिला-बालाघाट (म.प्र.)
    छत्तीसगढ़ कार्यालय-D 13, प्रियदर्शनी नगर के पास, पचपेड़ी नाका, रायपुर (छत्तीसगढ़)
    February 2026
    M T W T F S S
     1
    2345678
    9101112131415
    16171819202122
    232425262728  
    « Jan    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.