Close Menu
New Agenda
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    NEW AGENDA
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • लाइफ स्टाइल
    NEW AGENDA
    Home»राज्य»मध्यप्रदेश»CM डॉ. यादव बोले: मध्यप्रदेश बना समावेशी विकास और तीव्र गतिशील अर्थव्यवस्था वाला राज्य
    मध्यप्रदेश

    CM डॉ. यादव बोले: मध्यप्रदेश बना समावेशी विकास और तीव्र गतिशील अर्थव्यवस्था वाला राज्य

    AdminBy AdminFebruary 17, 2026No Comments8 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    CM डॉ. यादव बोले: मध्यप्रदेश बना समावेशी विकास और तीव्र गतिशील अर्थव्यवस्था वाला राज्य
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    समावेशी विकास के साथ तीव्र गतिशील अर्थव्यवस्था वाला राज्य बना म.प्र. : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    सकल राज्य घरेलू उत्पाद में 11.14 प्रतिशत वृद्धि
    मध्यप्रदेश का आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26

    भोपाल

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के कुशल नेतृत्व में मध्यप्रदेश की अर्थव्यवस्था समावेशी विकास के साथ अत्यंत गतिशील अर्थव्यवस्था बन गई है। वित्तीय अनुशासन, पारदर्शी प्रशासन और दूरदर्शी नीतियों के साथ मध्यप्रदेश की आर्थिक स्थिति सुदृढ़ हुई है। मध्यप्रदेश विधान सभा में मंगलवार को प्रस्तुत आर्थिक सर्वेक्षण 2025–26 के अनुसार राज्य की अर्थव्यवस्था योजनाबद्ध रूप से संतुलित और परिणामोन्मुखी है।

    प्रमुख बिंदु

    1. वित्तीय वर्ष 2025-26 (अग्रिम अनुमान) में मध्यप्रदेश का सकल राज्य घरेलू उत्पाद (GSDP) प्रचलित मूल्यों पर ₹16,69,750 करोड़ अनुमानित है, जो वित्तीय वर्ष 2024-25 (त्वरित अनुमान) के ₹15,02,428 करोड़ की तुलना में 11.14 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है।

    2. वित्तीय वर्ष 2025-26 (अग्रिम अनुमान) में मध्यप्रदेश का सकल राज्य घरेलू उत्पाद स्थिर (2011-12) मूल्यों पर ₹7,81,911 करोड़ अनुमानित है, जो वित्तीय वर्ष 2024-25 (त्वरित अनुमान) के ₹7,23,724 करोड़ की तुलना में 8.04 प्रतिशत की वास्तविक वृद्धि को दर्शाता है।

    3. वित्तीय वर्ष 2011-12 से वित्तीय वर्ष 2025-26 की अवधि के दौरान मध्यप्रदेश की प्रति व्यक्ति शुद्ध आय प्रचलित मूल्यों पर ₹38,497 से बढ़कर ₹1,69,050 हो गई तथा स्थिर (2011-12) मूल्यों पर ₹38,497 से बढ़कर ₹76,971 हो गई, जो वास्तविक आय स्तर में उल्लेखनीय सुधार को दर्शाता है।

    4. वित्तीय वर्ष 2025-26 (अग्रिम अनुमान) में सकल राज्य मूल्य वर्धन (GSVA) की क्षेत्रीय संरचना प्रचलित मूल्यों पर इस प्रकार रही—प्राथमिक क्षेत्र का योगदान 43.09 प्रतिशत, द्वितीयक क्षेत्र का 19.79 प्रतिशत तथा तृतीयक क्षेत्र का 37.12 प्रतिशत।

    5. स्थिर (2011-12) मूल्यों पर इनकी हिस्सेदारी क्रमशः प्राथमिक क्षेत्र 33.54 प्रतिशत, द्वितीयक क्षेत्र 26.18 प्रतिशत तथा तृतीयक क्षेत्र 40.28 प्रतिशत रही।

    6. वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्राथमिक क्षेत्र की GSVA में हिस्सेदारी प्रचलित मूल्यों पर 43.09 प्रतिशत तथा स्थिर (2011-12) मूल्यों पर 33.54 प्रतिशत रही। प्रचलित मूल्यों पर इस क्षेत्र का कुल मूल्य वित्तीय वर्ष 2024-25 (त्वरित अनुमान) के ₹6,33,532 करोड़ से बढ़कर वित्तीय वर्ष 2025-26 (अग्रिम अनुमान) में ₹6,79,817 करोड़ हो गया, जो 7.31 प्रतिशत की वृद्धि दर को दर्शाता है।

    7. वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्राथमिक क्षेत्र के अंतर्गत फसलों का सर्वाधिक योगदान 30.17 प्रतिशत रहा, इसके बाद पशुधन 7.22 प्रतिशत, वानिकी 2.13 प्रतिशत, मत्स्यपालन एवं जलीय कृषि 0.61 प्रतिशत तथा खनन एवं उत्खनन 2.96 प्रतिशत रहा।

    8. वित्तीय वर्ष 2025-26 में द्वितीयक क्षेत्र की GSVA में हिस्सेदारी प्रचलित मूल्यों पर 19.79 प्रतिशत तथा स्थिर (2011-12) मूल्यों पर 26.18 प्रतिशत रही। द्वितीयक क्षेत्र का कुल GSVA वित्तीय वर्ष 2024-25 (त्वरित अनुमान) के ₹2,84,125 करोड़ से बढ़कर वित्तीय वर्ष 2025-26 (अग्रिम अनुमान) में ₹3,12,350 करोड़ हो गया, जो प्रचलित मूल्यों पर 9.93 प्रतिशत तथा स्थिर मूल्यों पर 6.87 प्रतिशत की वृद्धि दर को दर्शाता है।

    9. वित्तीय वर्ष 2025-26 में द्वितीयक क्षेत्र के अंतर्गत निर्माण क्षेत्र का सर्वाधिक योगदान 9.22 प्रतिशत रहा, इसके बाद विनिर्माण का 7.22 प्रतिशत तथा विद्युत, गैस, जलापूर्ति एवं अन्य उपयोगिता सेवाओं का 3.35 प्रतिशत योगदान रहा।

    10. वित्तीय वर्ष 2025-26 में तृतीयक क्षेत्र की GSVA में हिस्सेदारी प्रचलित मूल्यों पर 37.12 प्रतिशत तथा स्थिर (2011-12) मूल्यों पर 40.28 प्रतिशत रही। तृतीयक क्षेत्र का कुल GSVA वित्तीय वर्ष 2024-25 (त्वरित अनुमान) के ₹5,05,679 करोड़ से बढ़कर वित्तीय वर्ष 2025-26 (अग्रिम अनुमान) में ₹5,85,588 करोड़ हो गया, जो प्रचलित मूल्यों पर 15.80 प्रतिशत तथा स्थिर मूल्यों पर 12.07 प्रतिशत की वृद्धि दर को दर्शाता है।

    11. वित्तीय वर्ष 2025-26 में तृतीयक क्षेत्र के अंतर्गत व्यापार, मरम्मत, होटल एवं रेस्टोरेंट का सर्वाधिक योगदान 10.35 प्रतिशत रहा। इसके पश्चात अन्य सेवाएँ 7.80 प्रतिशत, अचल संपत्ति, आवास स्वामित्व एवं व्यावसायिक सेवाएँ 4.98 प्रतिशत, लोक प्रशासन 4.96 प्रतिशत, वित्तीय सेवाएँ 3.73 प्रतिशत, परिवहन एवं भंडारण 2.80 प्रतिशत, संचार एवं प्रसारण संबंधी सेवाएँ 1.68 प्रतिशत तथा रेलवे का 0.82 प्रतिशत योगदान रहा।

    अन्य क्षेत्रों में प्रमुख उपलब्धियाँ

    लोक वित्त, बैंकिंग एवं वित्तीय संस्थान

    वित्तीय वर्ष 2025-26 में ₹2,618 करोड़ के राजस्व आधिक्य का अनुमान है। राजकोषीय घाटा GSDP का 4.66 प्रतिशत रहने का अनुमान है, जबकि राजस्व प्राप्तियाँ GSDP के 17.16 प्रतिशत के बराबर आंकी गई हैं। कर राजस्व में 13.57 प्रतिशत वृद्धि अपेक्षित है तथा ऋण–GSDP अनुपात 31.3 प्रतिशत रहने का अनुमान है।

    कृषि एवं ग्रामीण विकास

    वर्ष 2024-25 में कुल फसल उत्पादन में पिछले वर्ष की तुलना में 7.66 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई, जबकि खाद्यान्न उत्पादन में 14.68 प्रतिशत की वृद्धि हुई। उद्यानिकी क्षेत्र 28.39 लाख हेक्टेयर रहा, जिसमें 425.68 लाख मीट्रिक टन उत्पादन हुआ। दुग्ध उत्पादन 225.95 लाख टन तक पहुँचा। कुल 72,975 किमी ग्रामीण सड़कों का निर्माण किया गया तथा 40.82 लाख ग्रामीण आवास पूर्ण किए गए।

    औद्योगिक विकास, एमएसएमई एवं अधोसंरचना

    द्वितीयक क्षेत्र में 9.93 प्रतिशत तथा तृतीयक क्षेत्र में 15.80 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। 1,028 इकाइयों को 6,125 एकड़ भूमि आवंटित की गई, जिनमें ₹1.17 लाख करोड़ के प्रस्तावित निवेश से लगभग 1.7 लाख रोजगार अवसर सृजित होने की संभावना है। वर्ष 2024-25 में एमएसएमई सहायता ₹22,162 करोड़ रही। राज्य में 1,723 स्टार्टअप तथा 103 इनक्यूबेशन केंद्र संचालित हैं। सीएसआर व्यय ₹2,600.47 करोड़ रहा तथा पर्यटन आगमन 13.18 करोड़ रहा।

    नगरीय विकास

    अमृत 2.0 के अंतर्गत ₹24,065 करोड़ का आवंटन किया गया, जिसमें 1,134 परियोजनाएँ स्वीकृत हुईं। प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत 8.75 लाख आवास पूर्ण किए गए। स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 में राज्य को आठ राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त हुए।

    स्वास्थ्य क्षेत्र

    राष्ट्रीय स्वास्थ्य लेखा (NHA) 2021-22 के अनुसार कुल स्वास्थ्य व्यय ₹34,112 करोड़ रहा, जो GSDP का 3 प्रतिशत है। नवंबर 2025 तक 4.42 करोड़ आयुष्मान कार्ड जारी किए गए। मातृ मृत्यु अनुपात 379 (2001-03) से घटकर 142 (2021-23) प्रति लाख जीवित जन्म हो गया।

    शिक्षा एवं कौशल विकास

    वित्तीय वर्ष 2025-26 में कुल बजट का 10.37 प्रतिशत शिक्षा के लिए आवंटित किया गया, जो पिछले वर्ष की तुलना में 9.00 प्रतिशत अधिक है। कक्षा 1-5 में ड्रॉपआउट दर शून्य हो गई है, जबकि कक्षा 6-8 में यह घटकर 6.3 प्रतिशत रह गई है। उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए राज्य को SWAYAM पोर्टल पर मॉडल राज्य घोषित किया गया। तकनीकी संस्थानों की संख्या 1,625 से बढ़कर 2,070 हो गई है। मुख्यमंत्री मेधावी योजना के अंतर्गत 45,668 विद्यार्थियों को ₹500 करोड़ की वित्तीय सहायता प्रदान की गई।

    क्षेत्रवार जीएसवीए योगदान (वर्तमान मूल्यों पर)

     

     

    (राशि ₹ करोड़ में एवं वृद्धि प्रतिशत में)

     

    क्षेत्र

    उप-क्षेत्र

    2024–25 (त्वरित अनुमान)

    2025–26 (अग्रिम अनुमान)

    वृद्धि (राशि)

    वृद्धि (%)

    प्राथमिक

    फसलें

    4,47,476

    4,76,024

    28,548

    6.38

    पशुधन

    1,00,845

    1,13,913

    13,068

    12.96

    वानिकी एवं लकड़ी कटाई

    31,304

    33,633

    2,329

    7.44

    मत्स्य एवं जलीय कृषि

    8,230

    9,532

    1,302

    15.81

    खनन एवं उत्खनन

    45,677

    46,715

    1,038

    2.27

    प्राथमिक (कुल)

    6,33,532

    6,79,817

    46,285

    7.31

    द्वितीयक

    विनिर्माण

    1,06,552

    1,13,933

    7,381

    6.93

    विद्युत, गैस, जल आपूर्ति एवं अन्य उपयोगिताएँ

    49,262

    52,894

    3,632

    7.37

    निर्माण

    1,28,311

    1,45,523

    17,212

    13.41

    द्वितीयक (कुल)

    2,84,125

    3,12,350

    28,225

    9.93

    तृतीयक

    व्यापार, मरम्मत, होटल एवं रेस्टोरेंट

    1,47,319

    1,63,336

    16,017

    10.87

    अन्य परिवहन एवं भंडारण

    40,250

    44,162

    3,912

    9.72

    रेलमार्ग

    11,624

    12,874

    1,250

    10.75

    संचार एवं प्रसारण संबंधित सेवाएँ

    24,102

    26,511

    2,409

    10.00

    वित्तीय सेवाएँ

    50,481

    58,790

    8,309

    16.46

    अचल संपत्ति, आवास स्वामित्व एवं व्यावसायिक सेवाएँ

    68,499

    78,533

    10,034

    14.65

    लोक प्रशासन

    64,879

    78,270

    13,391

    20.64

    अन्य सेवाएँ

    98,525

    1,23,112

    24,587

    24.96

    तृतीयक (कुल)

    5,05,679

    5,85,588

    79,909

    15.80

    क्षेत्रवार जीएसवीए योगदान (स्थिर मूल्य 2011–12 पर) (राशि ₹ करोड़ में एवं वृद्धि प्रतिशत में)

     

    क्षेत्र

    उप-क्षेत्र

    2024–25 (त्वरित अनुमान)

    2025–26 (अग्रिम अनुमान)

    वृद्धि (राशि)

    वृद्धि (%)

    प्राथमिक

    फसलें

    1,55,068

    1,55,959

    891

    0.57

    पशुधन

    39,990

    44,312

    4,322

    10.81

    वानिकी एवं लकड़ी कटाई

    15,686

    16,084

    398

    2.54

    मत्स्य एवं जलीय कृषि

    3,834

    4,305

    471

    12.27

    खनन एवं उत्खनन

    20,016

    20,679

    663

    3.31

    प्राथमिक (कुल)

    2,34,594

    2,41,338

    6,744

    2.87

    द्वितीयक

    विनिर्माण

    75,634

    79,262

    3,628

    4.80

    विद्युत, गैस, जल आपूर्ति एवं अन्य उपयोगिताएँ

    35,084

    38,024

    2,940

    8.38

    निर्माण

    65,612

    71,155

    5,543

    8.45

    द्वितीयक (कुल)

    1,76,329

    1,88,441

    12,112

    6.87

    तृतीयक

    व्यापार, मरम्मत, होटल एवं रेस्टोरेंट

    71,055

    78,221

    7,166

    10.09

    अन्य परिवहन एवं भंडारण

    22,468

    24,140

    1,672

    7.44

    रेलमार्ग

    6,423

    6,966

    543

    8.45

    संचार एवं प्रसारण संबंधित सेवाएँ

    13,800

    14,865

    1,065

    7.71

    वित्तीय सेवाएँ

    29,881

    32,733

    2,852

    9.54

    अचल संपत्ति, आवास स्वामित्व एवं व्यावसायिक सेवाएँ

    35,184

    38,523

    3,339

    9.49

    लोक प्रशासन

    33,519

    39,674

    6,155

    18.36

    अन्य सेवाएँ

    46,286

    54,715

    8,429

    18.21

    तृतीयक (कुल)

    2,58,616

    2,89,837

    31,221

    12.07

    वर्तमान मूल्यों पर जीएसवीए में योगदान (%) (वित्त वर्ष 2024–25 से 2025–26)

     

    क्षेत्र

    उप-क्षेत्र

    2024–25 (%)

    2025–26 (%)

    परिवर्तन (%)

    प्राथमिक

    फसलें

    31.44

    30.17

    –1.27

    पशुधन

    7.08

    7.22

    +0.14

    वानिकी एवं लकड़ी कटाई

    2.20

    2.13

    –0.07

    मत्स्य एवं जलीय कृषि

    0.58

    0.61

    +0.03

    खनन एवं उत्खनन

    3.21

    2.96

    –0.25

    प्राथमिक (कुल)

    44.51

    43.09

    –1.42

    द्वितीयक (कुल)

     

    19.96

    19.79

    –0.17

    तृतीयक (कुल)

     

    35.53

    37.12

    +1.59

     

     

     

    शेयर करें :-

    • Click to share on Facebook (Opens in new window)
    • Click to share on WhatsApp (Opens in new window)
    • Click to share on X (Opens in new window)
    • Click to share on Telegram (Opens in new window)
    Featured mohan
    Admin

    Related Posts

    मजदूर परिवारों के बच्चों को बेहतर शिक्षा दिलाना सरकार का लक्ष्य : पटेल

    February 17, 2026

    परंपरागत बीज संरक्षण के लिये बीज सखी का हुआ राज्य स्तरीय प्रशिक्षण

    February 17, 2026

    बहुचर्चित बिरनपुर हिंसा केस में बड़ा फैसला, 17 आरोपी दोषमुक्त, क्या बोले वकील

    February 17, 2026

    राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा के बाद अयोध्या की अर्थव्यवस्था में रिकॉर्ड उछाल

    February 17, 2026

    महाराष्ट्र में सियासी हलचल: 75 स्कूलों को मिला अल्पसंख्यक स्टेटस, फडणवीस ने रोकी प्रक्रिया

    February 17, 2026

    NCP में हलचल: सुनेत्रा पवार तैयारी में, अजित पवार की विरासत को आगे बढ़ाने की कोशिश

    February 17, 2026
    Add A Comment

    Leave A Reply Cancel Reply

    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    MP Info RSS Feed
    अन्य ख़बरें

    मजदूर परिवारों के बच्चों को बेहतर शिक्षा दिलाना सरकार का लक्ष्य : पटेल

    February 17, 2026

    जमीन डील केस में राहत: अजित पवार के बेटे को क्लीन चिट, अब दो अफसरों पर लटकी तलवार

    February 17, 2026

    परंपरागत बीज संरक्षण के लिये बीज सखी का हुआ राज्य स्तरीय प्रशिक्षण

    February 17, 2026

    बजट यूज़र्स के लिए बड़ी खुशखबरी: Lava Bold N2 आया ₹7499 में, 8GB रैम के साथ

    February 17, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    संपादक -दीपेन्द्र पाढ़ी
    मोबाइल -9329352235
    ईमेल -newagendaeditor@gmail.com
    मध्य प्रदेश कार्यालय -वार्ड क्रमांक 06, मोहगांव बिरसा, मोहगांव जिला-बालाघाट (म.प्र.)
    छत्तीसगढ़ कार्यालय-D 13, प्रियदर्शनी नगर के पास, पचपेड़ी नाका, रायपुर (छत्तीसगढ़)
    February 2026
    M T W T F S S
     1
    2345678
    9101112131415
    16171819202122
    232425262728  
    « Jan    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.