Close Menu
New Agenda
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    NEW AGENDA
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • लाइफ स्टाइल
    NEW AGENDA
    Home»व्यापार»आज पाकिस्तानी पायलट का उड़ान पर मजाक: एक समय था जब पाकिस्तान था ‘एयरलाइन’ वाला इकलौता मुस्लिम देश
    व्यापार

    आज पाकिस्तानी पायलट का उड़ान पर मजाक: एक समय था जब पाकिस्तान था ‘एयरलाइन’ वाला इकलौता मुस्लिम देश

    By September 5, 2024No Comments4 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    आज पाकिस्तानी पायलट का उड़ान पर मजाक: एक समय था जब पाकिस्तान था ‘एयरलाइन’ वाला इकलौता मुस्लिम देश
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    पिछले दिनों पाकिस्तान की एयरलाइन का एक वीडियो काफी वायरल हुआ। इसमें पायलट कॉकपिट में जाने से पहले प्लेन की खिड़की पर कपड़े से पोछा मारता है। जैसा कि आपने कार या ट्रक ड्राइवर को गाड़ी की विंडस्क्रीन साफ करते हुए देखा होगा। इससे कई सोशल मीडिया यूजर्स ने पाकिस्तानी एयरलाइन का मजाक बनाया कि वह और उसके पायलट आजादी के इतने साल भी कितने पिछड़े हुए हैं।

    यह बात काफी हद तक सही भी है कि पाकिस्तान आर्थिक मोर्चे पर काफी पिछड़ा हुआ है। एविएशन सेक्टर भी इसका अपवाद नहीं। यही वजह है कि पाकिस्तान का सरकारी विमानन कंपनी ‘पाकिस्तान इंटरनेशनल एयरलाइंस’ (PIA) के कई क्रू मेंबर्स 'रहस्यमयी' तरीके से गायब हो जाते हैं। खुद PIA भी इसकी पुष्टि कर चुका है। दरअसल, कनाडा में शरण और उसके बाद नागरिकता लेना बाकी पश्चिमी देशों के मुकाबले आसान है। वहां गायब होने के बाद क्रू मेंबर्स एविएशन इंडस्ट्री में आसानी से करियर बना लते हैं। आइए जानते हैं कि पाकिस्तानी एयरलाइंस का इतिहास कितना पुराना है, इसकी शुरुआत कब और कैसे हुई?

     पाकिस्तान में एयरलाइंस का इतिहास

    भारत और पाकिस्तान का आधिकारिक तौर पर विभाजन 14 अगस्त 1947 को हुआ। लेकिन, पाकिस्तान के संस्थापक मोहम्मद अली जिन्ना काफी लंबे वक्त से मजहब के आधार पर अलग मुल्क की मांग कर रहे थे। उन्हें पूरा भरोसा था कि ब्रिटिश हुकूमत और भारत के आला नेताओं को उनकी मांग मानने के लिए मजबूर हो जाएंगे। लिहाजा, वह आजादी से पहले ही अपने 'नए मुल्क' के जरूरी इन्फ्रास्ट्रक्चर जुटाने लगे थे। द्वितीय विश्व युद्ध में हवाई जहाजों ने काफी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इसमें सैनिकों की आवाजाही और रसद साम्राज्ञी जैसी चीजें शामिल थीं। यात्रियों के आवागमन के लिए भी विमान का चलन बढ़ रहा था, क्योंकि बाकी सभी माध्यमों के मुकाबले काफी तेज थे। यही वजह थी कि जिन्ना आजादी से पहले ही पाकिस्तान के लिए एयरलाइन का बंदोबस्त करने लगे।

    पाकिस्तान की पहली एयरलाइन की नींव

    जिन्ना ने अपने मकसद को पूरा करने के लिए दो रईस व्यापारियों मिर्जा अहमद इस्पहानी और आदमजी हाजी दाऊद से वित्तीय मदद मांगी। वे दोनों भी मजहब के आधार अलग मुल्क की मांग के हिमायती थे। इन तीनों की कोशिशों से 23 अक्टूबर 1946 को कलकत्ता (कोलकाता) में ओरिएंट एयरवेज का रजिस्ट्रेशन हुआ। यह ब्रिटिश राज में इकलौती मुस्लिम एयरलाइन थी। भारत के पास टाटा एयरलाइंस थी, जिसकी बुनियाद जेआरडी टाटा इससे करीब दो दशक पहले ही रख चुके थे। भारत को आजादी मिलने के बाद जब पाकिस्तान अलग मुल्क बना, तो तीन डगलस डीसी-3 विमानों के बेड़े का संचालन करते हुए ओरिएंट एयरवेज ने नए मुल्क में राहत अभियान शुरू किया। अगले दो साल में ओरिएंट एयरवेज ने कराची को दिल्ली, कलकत्ता और ढाका से जोड़ने वाले मार्गों पर अपने नए कॉनवेयर विमान डिप्लॉय किए। यहां तक ओरिएंट एयरलाइंस के सब ठीक था। उसकी उड़ानों की गिनती बढ़ रही थी। एयरलाइन यात्रियों के हिसाब से अच्छा खासा पैसा भी कमा रही थी।

    ओरिएंट एयरवेज का बुरा दौर

    1950 के दशक की शुरुआत में ओरिएंट एयरवेज को घाटा होने लगा क्योंकि ब्रिटिश ओवरसीज एयरक्राफ्ट कॉरपोरेशन (BOAC) जैसे तगड़े प्रतिस्पर्धी मार्केट में आ गए। पाकिस्तानी सरकार ने अपनी घरेलू एयरलाइन को सब्सिडी देना शुरू कर दिया, ताकि ओरिएंट एयरवेज BOAC और बाकी एयरलाइन के साथ कंपीटिशन कर सके। पाकिस्तान सरकार ने ओरिएंट एयरवेज की नई सहायक कंपनी के लिए तीन लॉकहीड एल-1049 सुपर कांस्टेलेशन का भुगतान भी किया। यही बाद में "पाकिस्तान इंटरनेशनल एयरलाइंस (PIA)" बनी। उस समय पाकिस्तान लंबी दूरी की एयरलाइन उड़ाने वाला एकमात्र मुस्लिम और एशियाई देश था। 1 अक्टूबर 1953 को, पाकिस्तानी सरकार ने ओरिएंट एयरवेज का पूरा नियंत्रण अपने हाथ में ले लिया और इसे PIA के साथ मिलाकर आज की एयरलाइन बना दी। विलय के बावजूद ओरिएंट एयरवेज कई सालों तक अपने नाम से काम करती रही।

    शेयर करें :-

    • Click to share on Facebook (Opens in new window)
    • Click to share on WhatsApp (Opens in new window)
    • Click to share on X (Opens in new window)
    • Click to share on Telegram (Opens in new window)

    Related Posts

    UP के 2002 गांवों में BSNL की नई ओएफसी परियोजना, दो अरब रुपये से होगा डिजिटल विस्तार

    March 10, 2026

    साइबर ठगी के शिकार? RBI देगी राहत, अब डिजिटल फ्रॉड पर मिलेगा मुआवजा

    March 10, 2026

    सांसदों ने स्पीकर की निष्पक्षता पर जताई चिंता, विपक्ष ने लगाया दावे का आरोप

    March 9, 2026

    BJP ने मुख्य चुनाव आयुक्त से की अपील, बंगाल में 3 चरणों में मतदान कराने की मांग

    March 9, 2026

    खड़गे ने संसद में जताई चिंता, ऊर्जा सुरक्षा पर असर

    March 9, 2026

    West Asia संकट का असर: शेयर बाजार धड़ाम, सेंसेक्स 1353 अंक गिरा

    March 9, 2026
    Add A Comment

    Leave A Reply Cancel Reply

    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    MP Info RSS Feed
    अन्य ख़बरें

    राष्ट्रीय पार्टी बनने की राह पर सपा! असम चुनाव में उम्मीदवार उतारने की तैयारी में अखिलेश यादव

    March 10, 2026

    पानी के नीचे भारत की ताकत: पनडुब्बियों का ऐसा किला जिसे दुश्मन छू भी नहीं सकते

    March 10, 2026

    फौज में जाने का नया रास्ता: अग्निवीर भर्ती नियमों में बदलाव, ज्यादा युवाओं को मिलेगा मौका

    March 10, 2026

    जबलपुर से प्रमुख शहरों की ट्रेनें भरी, यात्रियों को टिकट न मिलने की दिक्कत

    March 10, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    संपादक -दीपेन्द्र पाढ़ी
    मोबाइल -9329352235
    ईमेल -newagendaeditor@gmail.com
    मध्य प्रदेश कार्यालय -वार्ड क्रमांक 06, मोहगांव बिरसा, मोहगांव जिला-बालाघाट (म.प्र.)
    छत्तीसगढ़ कार्यालय-D 13, प्रियदर्शनी नगर के पास, पचपेड़ी नाका, रायपुर (छत्तीसगढ़)
    March 2026
    M T W T F S S
     1
    2345678
    9101112131415
    16171819202122
    23242526272829
    3031  
    « Feb    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.