Close Menu
New Agenda
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    NEW AGENDA
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • लाइफ स्टाइल
    NEW AGENDA
    Home»राज्य»छत्तीसगढ़»शहर के मुख्य मार्गों और मोड़ों पर कई नालों को खूला ही छोड़ दिया
    छत्तीसगढ़

    शहर के मुख्य मार्गों और मोड़ों पर कई नालों को खूला ही छोड़ दिया

    AdminBy AdminNovember 27, 2024No Comments4 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    शहर के मुख्य मार्गों और मोड़ों पर कई नालों को खूला ही छोड़ दिया
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    बिलासपुर

    शहर में स्वच्छता और जल निकासी के लिए बनाए गए नाले अब जनता के लिए दुर्घटनाओं का कारण बनते जा रहे हैं। शहर के मुख्य मार्गों और मोड़ों पर कई नालों को खूला ही छोड़ दिया गया है।

    ये नाले न केवल राहगीरों और वाहन चालकों के लिए खतरा बने हुए हैं, बल्कि मवेशियों और पर्यावरण के लिए भी गंभीर समस्या पैदा कर रहे हैं। इनकी गहराई लगभग 10 फीट या उससे अधिक है। यदि कोई इन नालों में गिरता है, तो जानलेवा चोटें लगती है। शहर के लगभग हर सड़कों के नालों में ऐसे खुले नाले हैं।
    कभी दो पहिया वाहन चालक तो कभी चार पहिया वाहन चालक भी इसकी चपेट में आ जा रहे है। जबकि जिम्मेदार नगर निगम इस ओर ध्यान ही नहीं दे रही है। परिणाम स्वरूप नाले ढ़क नहीं रहे और इसमे अचानक गिरकर घायल होने के मामले लगातार हो रहे हैं।

    शहर के ड्रेनेज सिस्टम को सही करने के लिए शहर भर में नालों का जाल फैलाया गया है, लेकिन इनसे ड्रेनेज सिस्टम तो सही नहीं हो पाया है, उल्टा बड़े नाले अधिकारियों की लापरवाही की वजह से अब दुर्घटना को बुलावा देने लगे हैं।

    पूरी तरह ढ़कना भूल गए
    ठेकेदारों ने नालों का तो निर्माण कर दिया, लेकिन इन्हे पूरी तरह ढ़कना भूल गए हैं। ऐसे में जगह-जगह खूले नाले नजर आ जाते हैं। कई खुले नाले इतने अधिक खतरनाक हैं कि दो पहिया से लेकर चार पहिया वाहन चालक समेत इसमें समा जाते हैं और दुर्घटना का शिकार हो जाते हैं।

    रात में होते हैं ज्यादा हादसे
    रात के अंधेरे में इन खुले नालों का खतरा और भी बढ़ जाता है। कई जगहों पर अंधेरा होने की वजह से वाहन चालकों को नाले दिखाई नहीं देते, जिसकी वजह से वे नाले में गिरकर दुर्घटनाग्रस्त हो जाते हैं। बीच-बीच में इस तरह के मामले सामने आते हैं, जिनमें दोपहिया या चारपहिया वाहन नाले में गिर जाते हैं। शहर के दर्जनों स्पाट पर ये नाले मौजूद हैं, लेकिन इनकी मरम्मत या ढंकने की दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।

    अक्सर मवेशी गिरते हैं नाले में
    खुले नालों में गिरने वाले केवल इंसान ही नहीं हैं, बल्कि मवेशी भी इस खतरे का शिकार हो रहे हैं। खुले नालों के पास चरते हुए मवेशी कई बार इसमें घुस जाते हैं और गंभीर रूप से घायल हो जाते हैं। कई बार तो उनकी मौत तक हो जाती है। जो नगर निगम की लापरवाही का नतीजा है।

    नगर निगम है जिम्मेदार
    नगर निगम की जिम्मेदारी है कि शहरवासियों को सुरक्षित और स्वच्छ वातावरण प्रदान करे, लेकिन खुले नालों की समस्या पर उनका रवैया बेहद उदासीन है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि उन्होंने कई बार शिकायतें दर्ज कराई हैं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। नगर निगम न केवल इस गंभीर समस्या की अनदेखी कर रहा है, बल्कि यह जनता की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ है।

    प्रमुख बिंदु जो ध्यान देने योग्य हैं
        खुले नालों की पहचान कर उनकी मरम्मत कराकर ढ़ंका जाए।
        मिलने वाली शिकायतों पर ध्यान देते हुए तत्काल समस्या दूर करना चाहिए।
        नाला निर्माण करने व नाला ढंकने के काम में लापरवाही करने वाले ठेकेदारों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए।
        जब तक नालों को ढ़ंक नहीं लिया जाता है, तब तक वहां पर खुला नाला सूचक जानकारी का बोर्ड या रेडीयम लगाना चाहिए।
        सुचना व शिकायत के बाद भी काम नहीं हो रहा है, तो निगम के आला अधिकारियों को इसकी जानकारी देना चाहिए, ताकि काम हो सके।

    शहरवासी को जागरूक होना चाहिए और जब तक नाला ढ़ंक नहीं जाता है, तब तक शिकायत करते हुए इन नालों के पास वाहन चालन में सावधानी बरतना चाहिए।

    क्या कहते हैं राहगीर तत्काल ढ़ंकना चाहिए खुले नालों को
    सुरजीत सिंह का कहना है कि खुले नालों की वजह से कई बार गंभीर घटना हो चुकी है। निगम की बदइंतजामी का शिकार लोग इन नालों में गिरकर हो रहे हैं। निगम प्रबंधन को चाहिए कि वे तत्काल खुले नालों को ढ़ंकने का काम करे, ताकि खुले नालों से होने वाली दुर्घटना का रोका जा सके।

    कई बार आ चुके हैं गंभीर परिणाम
    ऋषिराज तिवारी का कहना है कि शहर के खुले नालों की वजह से कई बार गंभीर परिणाम सामने आ चुके हैं। कईयों को इसकी वजह से गंभीर चोट लगी है।
    निगम प्रबंधन को इस पर गंभीरता से ध्यान देना होगा और खुले नालों को ढ़ंकना होगा, तभी इस समस्या से मुक्ति मिल पाएगी।

    शेयर करें :-

    • Click to share on Facebook (Opens in new window)
    • Click to share on WhatsApp (Opens in new window)
    • Click to share on X (Opens in new window)
    • Click to share on Telegram (Opens in new window)
    Admin

    Related Posts

    आज से शुरू हो रहा स्वदेशी मेला, सीएम विष्णु देव साय की मौजूदगी में होगा उद्घाटन

    March 13, 2026

    अफीम की खेती के खिलाफ कड़ा एक्शन, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दिए सख्त निर्देश

    March 13, 2026

    ईद पर सड़क पर नमाज, तो मेरठ में FIR और पासपोर्ट रद्द होने का खतरा

    March 13, 2026

    उप निरीक्षक नागरिक पुलिस और समकक्ष पदों की लिखित परीक्षा 14-15 मार्च को

    March 13, 2026

    14 मार्च तक चुकाएं ई-चालान, नहीं तो लोक अदालत आदेशानुसार वाहन जब्त किए जाएंगे

    March 13, 2026

    जूनियर डॉक्टर प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था की अहम कड़ी: उप मुख्यमंत्री शुक्ल

    March 13, 2026
    Add A Comment

    Leave A Reply Cancel Reply

    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    MP Info RSS Feed
    अन्य ख़बरें

    वास्तु चेतावनी: भूलकर भी इस दिशा में न रखें कामधेनु गाय, वरना घर में आ सकती हैं परेशानियाँ

    March 13, 2026

    होटल और रेस्तरां उद्योग को LPG संकट से राहत, सरकार का फैसला रसोई संचालन को सुरक्षित रखेगा

    March 13, 2026

    आज से शुरू हो रहा स्वदेशी मेला, सीएम विष्णु देव साय की मौजूदगी में होगा उद्घाटन

    March 13, 2026

    अफीम की खेती के खिलाफ कड़ा एक्शन, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दिए सख्त निर्देश

    March 13, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    संपादक -दीपेन्द्र पाढ़ी
    मोबाइल -9329352235
    ईमेल -newagendaeditor@gmail.com
    मध्य प्रदेश कार्यालय -वार्ड क्रमांक 06, मोहगांव बिरसा, मोहगांव जिला-बालाघाट (म.प्र.)
    छत्तीसगढ़ कार्यालय-D 13, प्रियदर्शनी नगर के पास, पचपेड़ी नाका, रायपुर (छत्तीसगढ़)
    March 2026
    M T W T F S S
     1
    2345678
    9101112131415
    16171819202122
    23242526272829
    3031  
    « Feb    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.